असम राइफल्स के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल विकास लखेड़ा ने भारत के पूर्वोत्तर राज्यों की विशेषताओं की सराहना करते हुए कहा है कि देश के बाकी हिस्सों को नॉर्थईस्ट से बहुत कुछ सीखने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि पूर्वोत्तर भारत अपने मजबूत सामाजिक मूल्यों, अनुशासन, ईमानदारी और सामुदायिक भावना के कारण पूरे देश के लिए एक प्रेरणादायक उदाहरण है।
लेफ्टिनेंट जनरल लखेड़ा के अनुसार, मिजोरम अपने अनुशासन के लिए जाना जाता है, जबकि नागालैंड की पहचान उसकी ईमानदारी है। उन्होंने कहा कि पूर्वोत्तर का प्रत्येक राज्य अपनी अलग विशेषता और सामाजिक ताकत रखता है, जिसे पूरे देश में पहचान और सम्मान मिलना चाहिए।
पूर्वोत्तर राज्यों को स्वच्छता, सार्वजनिक स्थानों के प्रति सम्मान, नागरिक जिम्मेदारी, सामुदायिक सहयोग और मजबूत सामाजिक संबंधों के लिए व्यापक रूप से सराहा जाता है। यहां आने वाले पर्यटक अक्सर क्षेत्र की शांति, मेहमाननवाजी और लोगों के बीच आपसी सम्मान की भावना की प्रशंसा करते हैं।
सोशल मीडिया पर भी लखेड़ा के बयान का स्वागत किया गया है। कई लोगों ने माना कि पूर्वोत्तर भारत की सकारात्मक खूबियों को सामने लाने से देशभर में इस क्षेत्र के प्रति समझ और सम्मान बढ़ेगा। लोगों का कहना है कि नॉर्थईस्ट की संस्कृति, परंपराएं और सामाजिक मूल्य अक्सर पर्याप्त चर्चा नहीं पाते, जबकि उनका योगदान बेहद महत्वपूर्ण है।
लखेड़ा की टिप्पणी ने एक बार फिर यह याद दिलाया है कि किसी समाज की प्रगति केवल आर्थिक विकास या बड़े बुनियादी ढांचे से नहीं मापी जाती, बल्कि अनुशासन, ईमानदारी, सामाजिक सहयोग और नागरिक चेतना जैसे मूल्यों से भी तय होती है। इन गुणों के कारण पूर्वोत्तर भारत देश के लिए एक आदर्श उदाहरण बनकर उभरता है।

