विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की डब्ल्यूओएस-ए-योजना बनी वरदान
एक समय बेरोजगार बैठीं डॉ. सवलीन को डीएसटी ने दिया सुनहरा अवसर
प्रतिभाशाली लोगों को प्रौद्योगिकी तंत्र से बाहर जाने से रोकती है डीएसटी की योजना
चंडीगढ़ की डॉ. सवलीन कौर पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ एजुकेशन एंड रिसर्च, चंडीगढ़ में नेत्र विज्ञान की तृतीयक स्वास्थ्य सेवा इकाई में कार्यरत थीं। उन्हें न तो वेतन मिलता था और न ही यह उनकी पूर्णकालिक नौकरी थी, लेकिन उनके पास केवल शोध कार्य करने की अदम्य इच्छा थी।




