चंपावत में नाबालिग से कथित दुष्कर्म का मामला, आरोपी मेडिकल स्टोर संचालक गिरफ्तार
उत्तराखंड के चंपावत से सामने आई एक बेहद चिंताजनक घटना ने पूरे प्रदेश में आक्रोश पैदा कर दिया है और नाबालिग बच्चियों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 14 वर्षीय एक नाबालिग लड़की को कथित तौर पर दवा देने के बहाने मेडिकल स्टोर संचालक राज मुशर्रफ ने अपने झांसे में लिया। मामले की जानकारी सामने आने के बाद पुलिस ने आरोपी को पॉक्सो (POCSO) एक्ट और अन्य संबंधित धाराओं के तहत गिरफ्तार कर लिया है।
स्थानीय लोगों ने घटना की कड़ी निंदा करते हुए मांग की है कि यदि अदालत में आरोप साबित होते हैं तो आरोपी को सख्त से सख्त सजा दी जाए। इस बीच मामले को लेकर उस समय और विवाद बढ़ गया जब कुछ लोगों ने आरोप लगाया कि प्रकरण को आर्थिक समझौते के जरिए दबाने की कोशिश की गई। हालांकि इन आरोपों की भी जांच की मांग उठ रही है।
देवभूमि उत्तराखंड में बच्चों के खिलाफ अपराध की ऐसी घटनाएं स्वाभाविक रूप से लोगों की भावनाओं को झकझोर देती हैं। सोशल मीडिया पर भी लोग बाल सुरक्षा, जवाबदेही और न्याय को लेकर सवाल उठा रहे हैं।
जांच जारी है और लोग यह जानना चाहते हैं कि पीड़िता को न्याय दिलाने तथा कानून के प्रति विश्वास बनाए रखने के लिए सरकार और प्रशासन आगे क्या कदम उठाएंगे।
बच्चों को न्याय दिलाना राजनीति, धर्म और सामाजिक प्रभावों से ऊपर होना चाहिए। कानून को निष्पक्ष और तेजी से अपना काम करना चाहिए, ताकि पीड़ित को सुरक्षा और न्याय मिल सके तथा हर आरोपी को निष्पक्ष सुनवाई का अधिकार भी प्राप्त हो।

