नई दिल्ली। भारत शनिवार और रविवार यानी 12-13 सितंबर को नई दिल्ली के भारत मंडपम में 18वें BRICS शिखर सम्मेलन की मेजबानी कर रहा है। सम्मेलन में BRICS सदस्य और साझेदार देशों के नेता, साथ ही आमंत्रित देश शामिल होंगे।
भारत की इस साल की BRICS अध्यक्षता का विषय “लचीलापन, नवाचार, सहयोग और सतत विकास के लिए निर्माण” रखा गया है। विदेश मंत्रालय के अनुसार, यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘Humanity First’ यानी ‘मानवता प्रथम’ की भावना पर आधारित जन-केंद्रित दृष्टिकोण को दर्शाता है।
शिखर सम्मेलन में BRICS देशों के बीच सहयोग को और मजबूत करने के साथ-साथ वैश्विक और क्षेत्रीय मुद्दों पर भी विचार-विमर्श होगा। नेता साझा प्राथमिकताओं और आपसी हित के विषयों पर अपने विचार साझा करेंगे।
भारत की अध्यक्षता में इस वर्ष अब तक देश के 25 से अधिक शहरों में 350 से ज्यादा बैठकें और उच्चस्तरीय कार्यक्रम आयोजित किए जा चुके हैं। इनका उद्देश्य BRICS की रणनीतिक साझेदारी को तीन प्रमुख क्षेत्रों—राजनीतिक एवं सुरक्षा, आर्थिक एवं वित्तीय तथा सांस्कृतिक और जन-जन के बीच संपर्क—में मजबूत करना है।
भारत की अध्यक्षता के दौरान बैठकों, कारोबारी और जन-जन से जुड़े कार्यक्रमों के जरिए BRICS सहयोग को व्यावहारिक और विकास-केंद्रित परिणामों की दिशा में आगे बढ़ाया गया है।



